ज़िदंगी एक ख़ाली कुर्सी

आशीष मिश्रा ला पॉइंटे बर्मिंघम के व्यस्त इलाक़े न्यू स्ट्रीट स्टेशन के पास एक पुराना फ़्रेंच पब है ‘ला पॉइंटे’। यहाँ भी आम पबों की तरह गहमा-गहमी शाम के आसपास शुरू होती है। आमतौर पर जब पब्स के पास से गुज़रेंगे तो कुछ सिगरेट बड्स गिरे पड़े मिलेंगे, कोने में…

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माँ सरस्वती – विद्यादायनी

माँ सरस्वती हिन्दू धर्म में विद्या, ज्ञान, संगीत, कला और बुद्धि की देवी मानी जाती हैं। उन्हें “विद्यादायनी”, “वाग्देवी” तथा “शारदा” के नाम से भी जाना जाता है। भारतीय संस्कृति में माँ सरस्वती का विशेष महत्व है, क्योंकि वे मनुष्य को ज्ञान और विवेक प्रदान करती हैं। विद्यार्थियों, कलाकारों, संगीतकारों…

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राष्ट्रकवि – मैथिलि शरण गुप्त

नर हो, न निराश करो मन कोकुछ काम करो, कुछ काम करोजग में रह कर कुछ नाम करोयह जन्म हुआ किस अर्थ अहोसमझो जिसमें यह व्यर्थ न होकुछ तो उपयुक्त करो तन कोनर हो, न निराश करो मन को पूरा पढ़ें

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आशीष मिश्रा की कवितायेँ

समय बहुत सा बीत गया समय बहुत सा बीत गयाबहुत समय था रीत गया।अनुभव आपहि बोलेगाक्या हारा क्या जीत गया।। पूरा पढ़ें

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